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कंप्यूटर प्रिंटर और इसके प्रकार|Computer Printer And Its Types In Hindi

कंप्यूटर प्रिंटर

इस Article के माध्यम से हम प्रिंटर क्या है (What is printer) और इसके कितने प्रकार है (Types of printer) उसकी विस्तृत जानकारी लेंगे.इसमें हम विभिन्न प्रकार के प्रिंटर का Details समझेंगे.जैसे dot matrix printer,impact printer,non-impact printer,plotter इत्यादी.

 

  • Computer Printer,कंप्यूटर के पैरेलल पोर्ट से जुड़ा हुआ एक मशीन है.
  • इसका इस्तेमाल कंप्यूटर स्क्रीन में दिखाई देने वाली चीजो को प्रिंट करने में होता है.
  • यह एक ऐसी आउटपुट डिवाइस है जिससे हार्डकॉपी या परमानेंट कॉपी प्राप्त किया जाता है.
  • प्रिंटर की गुणवत्ता उसके रिजोल्यूशन से पता किया जाता है.जिसे DPI(Dots per inch) कहते है,इसका मतलब यह है की यह एक वर्ग इंच में स्थित डॉट की संख्या को बताता है.
  • प्रिंटर की गति PPM,LPM और CPS से मापते हैं.

 

प्रिंटर के प्रकार(Types of printer)-

 

 

*प्रिंट करने के क्षमता के अनुसार-

 

1.करैक्टर प्रिंटर(Character Printer)-यह एक ऐसा प्रिंटर है जो एक बार में एक करैक्टर प्रिंट करता है.

उदाहरण-डॉट मैट्रिक्स प्रिंटर,डेजीव्हील प्रिंटर,थर्मल प्रिंटर

2.लाइन प्रिंटर(Line Printer)-इस प्रिंटर की प्रिंट करने की गति बहुत तेज होती है और यह एक बार में पूरी एक लाइन प्रिंट करती है.

उदाहरण-चैन प्रिंटर,ड्रम प्रिंटर,बैंड प्रिंटर.

3.पेज प्रिंटर(Page Printer)-वह प्रिंटर जो एक बार में पूरा पेज प्रिंट करता है उसे पेज प्रिंटर कहते है.

उदाहरण-लेज़र प्रिंटर

 

*प्रिंट करने के तरीके के अनुसार-

1.इम्पैक्ट प्रिंटर(Impact Printer)-

इस तरीके के प्रिंटर में कागज पर प्रिंट,रिबन में दबाव डाल कर प्राप्त करते है.इसमें रिबन के रंग के अनुसार ही आउटपुट प्रिंट प्राप्त किया जाता है.

उदाहरण-

(a)डेजी व्हील प्रिंटर(Daisy Wheel )-

  • इसमें ग्राफिक्स या चित्र प्रिंट नहीं कर सकते है.
  • यह एक करैक्टर प्रिंटर है.

(b)डॉट मैट्रिक्स प्रिंटर(Dot Matrix)-

  • इस प्रिंटर की गति धीमी होती है.
  • इसमें प्रिंट हेड होता है जिसमे छोटे-छोटे हथौड़े लगे होते है जो रिबन पर दबाव डालता है.
  • इसमें प्रिंट करने पर खर्चा कम आता है लेकिन प्रिंट की क्वालिटी ख़राब होती है.
  • एकाउंटिंग तथा बिलिंग में इसका उपयोग मुख्यतः किया जाता है.

 

2.नॉन-इम्पैक्ट प्रिंटर(Non Impact)-

  • इस प्रकार के प्रिंटर में कागज पर किसी भी प्रकार का दबाव नहीं डाला जाता है.बल्कि विधुत या रासायनिक विधि से स्याही का छिड़काव कर प्रिंट प्राप्त किया जाता है.
  • इसकी गति बहुत तेज होती है.

 

(a)थर्मल प्रिंटर(Thermal Printer)-

  • इसमें रसायन युक्त विशेष कागज का उपयोग किया जाता है.
  • इसमें ताप का उपयोग कर कागज प्रिंट किया जाता है.
  • इसमें किसी भी प्रकार के इंक का इस्तेमाल नहीं होता है.
  • प्रिंट की गुणवत्त बहुत अच्छी होती है.

(b)लेज़र प्रिंटर(Laser Printer)-

  • इसका उपयोग डेस्कटॉप पब्लिशिंग (DTP-Desktop Publishing) में होता है.
  • इसमें सेमीकंडक्टर लेज़र बीम,आवेशित स्याही एवं प्रकाशीय ड्रम का उपयोग होता है.
  • यह एक पेज प्रिंटर है,जो की रंगीन प्रिंट करता है.

(c)इंकजेट प्रिंटर(Inkjet Printer)-

  • इसका उपयोग मुख्यतः घरो तथा ऑफिस में होता है.
  • इसमें कैटरिज का उपयोग स्याही के लिए किया जाता है.
  • प्रिंट की गुणवत्त अच्छी होती है.

 

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